बैतूल अपडेट

health system negligence betul: गत्ते से बांधकर भेजा टूटा पैर, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री के जिले में स्वास्थ्य व्यवस्था की खुली पोल

Health system negligence in Betul: A broken leg was sent wrapped in cardboard, exposing the health system in the district of the BJP state president and Union minister.

health system negligence betul: गत्ते से बांधकर भेजा टूटा पैर, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री के जिले में स्वास्थ्य व्यवस्था की खुली पोल
health system negligence betul: गत्ते से बांधकर भेजा टूटा पैर, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री के जिले में स्वास्थ्य व्यवस्था की खुली पोल

health system negligence betul: सरकार भले ही आधुनिक और बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं के दावे करती हो, लेकिन जमीनी हकीकत कई बार अलग ही तस्वीर दिखाती है। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल और केंद्रीय राज्य मंत्री डीडी उइके के बैतूल जिले में एक घायल मरीज के साथ जो हुआ, उसने सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

सहारा भी नहीं दे पा रहा था गत्ता

सोमवार शाम जिला अस्पताल परिसर में एक ऐसा मामला सामने आया, जिसने वहां मौजूद लोगों को हैरान कर दिया। बैतूल बाजार के पास आरूल से लाए गए एक मरीज के पैर में मजबूत प्लास्टर की जगह गत्ते के टुकड़े बांध दिए गए थे। यह गत्ता इतना कमजोर था कि ठीक से सहारा भी नहीं दे पा रहा था।

प्राथमिक उपचार में लापरवाही

जानकारी के अनुसार, बैतूल बाजार के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में मरीज को सही उपचार नहीं दिया गया। वहां उसके टूटे पैर पर पट्टी के साथ गत्ते के टुकड़े बांधकर जिला अस्पताल भेज दिया गया। इस तरह का अस्थायी इंतजाम मरीज के लिए जोखिम भरा साबित हो सकता था।

मरीज ने बताई पूरी घटना

मरीज रामदास उइके ने बताया कि उसे एक गाय ने टक्कर मारकर गिरा दिया, जिससे उसके पैर की हड्डी टूट गई। पहले उसे आरूल से बैतूल बाजार लाया गया, जहां उचित सुविधा नहीं होने पर गत्ते से पैर बांधकर आगे भेज दिया गया।

जिला अस्पताल में भी परेशानी

जिला अस्पताल पहुंचने के बाद भी मरीज को तुरंत प्लास्टर नहीं मिल सका और उसे इधर-उधर भटकना पड़ा। इस स्थिति ने अस्पताल की व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।

बजट के बावजूद बदहाल व्यवस्था

स्वास्थ्य विभाग को हर साल बड़ा बजट मिलता है, लेकिन उसका पूरा उपयोग नहीं हो पाता। बताया जा रहा है कि हर साल करीब 30 करोड़ रुपये तक की राशि खर्च न होने के कारण वापस चली जाती है। इस राशि से अस्पतालों में बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकती थीं, लेकिन व्यवस्थाओं में सुधार नहीं हो पाया।

अधिकारी बोले- जाँच कराएँगे

इस पूरे मामले पर सीएमएचओ डॉ. मनोज हुरमाड़े ने कहा कि गत्ते से पैर बांधना गलत है। उन्होंने कहा कि मामले की जांच कराई जाएगी और जिम्मेदारी तय की जाएगी।

सोशल मीडिया पर बैतूल अपडेट की खबरें पाने के लिए फॉलो करें-

देशदुनिया की ताजा खबरें (Hindi News Madhyapradesh) अब हिंदी में पढ़ें| Trending खबरों के लिए जुड़े रहे betulupdate.com से| आज की ताजा खबरों (Latest Hindi News) के लिए सर्च करें betulupdate.com

उत्तम मालवीय

मैं इस न्यूज वेबसाइट का ऑनर और एडिटर हूं। वर्ष 2001 से पत्रकारिता में सक्रिय हूं। सागर यूनिवर्सिटी से एमजेसी (मास्टर ऑफ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) की डिग्री प्राप्त की है। नवभारत भोपाल से अपने करियर की शुरुआत करने के बाद दैनिक जागरण भोपाल, राज एक्सप्रेस भोपाल, नईदुनिया और जागरण समूह के समाचार पत्र 'नवदुनिया' भोपाल में वर्षों तक सेवाएं दी। अब इस न्यूज वेबसाइट "Betul Update" का संचालन कर रहा हूं। मुझे उत्कृष्ट पत्रकारिता के लिए प्रतिष्ठित सरोजिनी नायडू पुरस्कार प्राप्त करने का सौभाग्य भी नवदुनिया समाचार पत्र में कार्यरत रहते हुए प्राप्त हो चुका है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button