Betul Samachar : बदहाली-खेत से घर लाना था उपज तो पहले बनाना पड़ा रास्ता, नहीं हो रही सुनवाई
Betul Samachar: Had to bring the produce home from the farm, had to make way first, hearing is not happening

▪️ मनोहर अग्रवाल, खेड़ी सांवलीगढ़
बैतूल जिले में विकास के दावें तो खूब होते हैं। वहीं दूसरी ओर आज भी कई गांवों में सड़क जैसी बुनियादी सुविधाओं को भी लोग तरस रहे हैं। ऐसा ही एक और मामला सामने आया है। चिचोली ब्लॉक के ग्राम जोगली में एक किसान को अपने खेत की फसल को घर लाने के लिए पहले रास्ते को सुधारने श्रमदान करना पड़ा और उस पर मुरम डालना पड़ा। इसके बाद वह अपनी उपज घर तक ला सका।
जोगली के युवा किसान ललन वानखेड़े को अपने खेत से फसल लाना था, लेकिन सड़क की हालत इतनी खराब थी कि वहां से ट्रैक्टर तो दूर साइकिल और मोटर साइकिल तक नहीं निकल सकती थी। जोगली से करम नाला मार्ग वैसे तो पहले से ही खराब है, लेकिन बारिश के बाद उसकी दशा और बिगड़ गई है। किसान ललन वानखेड़े, गोविंद वानखेड़े, चुइया धुर्वे ने बताया कि हमने पंचायत में और तहसील कार्यालय में ज्ञापन भी दिए हैं पर कोई भी सुधार नहीं हुआ।
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हौसीलाल गंगारे बताते हैं कि वर्ष 2016 में यहां तालाब गहरीकरण युवा जागृति समिति ने किया था। उस समय तालाब पर तहसीलदार, जनपद सीईओ सहित अन्य जनप्रतिनिधियों को बुलवाया था। उन्हें उस समय इस मार्ग की दुर्दशा भी दिखाई थी। सड़क की हालत देख कर उस समय सभी ने जल्द सड़क को दुरूस्त करने का आश्वासन दिया था पर आज तक यह सड़क नहीं बन सकी है।
ऐसे में आज एक युवा किसान ललन वानखेड़े जन सेवा में मुरम डालकर अपने खेत की फसल ला रहे हैं। इस मार्ग से आने जाने वाले किसान गिरधर वानखेड़े, भीमसेन दायके, अन्नू गावंडे का कहना है कि शासन-प्रशासन ने इस मार्ग को जल्द से जल्द ठीक करना चाहिए। यदि ऐसा नहीं होता है और उनकी इसी तरह उपेक्षा होती रही तो जनता आगामी चुनाव में सबक सिखाएगी।



