Mumbai Nagpur Expressway : इस एक्सप्रेस-वे की सुंदरता ऐसी कि सम्मोहित हो जाते हैं यात्री, नजर नहीं आते दोपहिया-तिपहिया वाहन
Mumbai Nagpur Expressway, samruddhi mahamarg route map, samruddhi highway, delhi-mumbai expressway, samruddhi mahamarg nagpur, samruddhi mahamarg speed limit, samruddhi mahamarg starting point, pune to nagpur via samruddhi mahamarg, Samruddhi Mahamarg, Mumbai Nagpur Super Expressway, Mumbai Nagpur Super Expressway 2023
◾मुंबई से नागपुर का महज 7 घंटे में पूरा होगा सफर, पूरे हाईवे में बिछी है हरियाली की चादर, वन्य जीवों का भी रखा है ध्यान
▪️ लोकेश वर्मा, मलकापुर (बैतूल)
Mumbai Nagpur Expressway : बीती एक जुलाई को महाराष्ट्र के बुलढाणा में दर्दनाक बस हादसे मे 26 यात्रियों की जलने से मौत हो गई थी। यह हादसा नवनिर्मित समृद्धि एक्सप्रेस वे पर ही हुआ था। बस नागपुर से मुंबई जा रही थी। रात में बस का टायर अचानक फट गया और बस अनियंत्रित हो गई। बस खंबे और डिवाइडर से टकरा कर पलट गई और आग लग गई। दरवाजा बंद होने की वजह से किसी को बाहर निकलने का मौका नहीं मिला। इस हादसे ने देश को झकझोर कर दिया था।
इस हादसे के बाद यह एक्सप्रेस वे अचानक चर्चा में आ गया था। हादसे के कुछ दिन बाद हमें भी इस एक्सप्रेस वे पर सफर करने का अवसर मिला। वैसे तो देश में दर्जनों नेशनल हाईवे हैं और सबकी अपनी-अपनी विशेषताएं हैं, लेकिन सच कहूं तो जो अनूठापन मुझे इस एक्सप्रेस वे में नजर आया वह दूसरी जगह बिलकुल नहीं दिखा। इस लेख में हम देश के इस उम्दा और बेहतरीन एक्सप्रेस वे के बारे में चर्चा करेंगे। मुझे यकीन है कि इस लेख को पूरा पढ़ने और तस्वीरों में इसकी सुंदरता देख आप भी इस एक्सप्रेस वे पर एक बार जरूर सफर करना चाहेंगे। तो चलिए शुरू करते हैं समृद्धि एक्सप्रेस वे का सुहाना सफर…
- Also Read: MP News : एमपी के इस अस्पताल में भी हो रहा अब सोरायसिस का फ्री इलाज, नए मरीजों का रजिस्ट्रेशन शुरू
यह 701 किलोमीटर एक्सप्रेस वे लगभग 55000 करोड़ रुपये की लागत से बनकर तैयार हो रहा है। जिसमें भूमि अधिग्रहण की राशि भी शामिल है। यह भारत के सबसे लंबे और सबसे महंगे एक्सप्रेस वे की सूची में शामिल है, जो महाराष्ट्र के 390 गांवों व 10 जिलों नागपुर, वर्धा, अमरावती, वाशिम, बुलढाणा, जालना, औरंगाबाद, नासिक, अहमदनगर और ठाणे के शहरी क्षेत्रों से होकर गुजरता है। एक्सप्रेस-वे निर्माण का कार्य 16 कंपनी के कॉन्ट्रैक्टरों को दिया गया है।
इसका आधिकारिक नाम ‘हिंदू हृदय सम्राट बालासाहेब ठाकरे महाराष्ट्र समृद्धि महामार्ग’ रखा गया है। इससे मुंबई और नागपुर के बीच का यात्रा का समय काफी कम हो जाएगा। इसकी घोषणा 2015 में हुई थी। यह एक ग्रीन फिल्ड प्रोजेक्ट है। जमीन अधिग्रहण का कार्य 2017 में शुरू हुआ था एवं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिसंबर 2018 में इस एक्सप्रेस वे की नींव रखी थी। यह मार्ग कनेक्टिविटी के तौर पर राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय बाजारों का गेटवे बनेगा। नागपुर से निकली खाद्यान्न सामग्री बिना खराब हुए कुछ ही घंटों में मुंबई पहुंच जाएगी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया उद्घाटन (Mumbai Nagpur Expressway)
समृद्धि महामार्ग के पहले चरण का उद्घाटन 11 दिसंबर 2022 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया। मई 2023 में महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे तथा उप मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने मुंबई नागपुर एक्सप्रेस वे के शिरडी और भरवीर के बीच 80 किलोमीटर के स्ट्रेच 2 का उद्घाटन किया। समृद्धि महामार्ग पर चार हेलीपैड बनाने की भी योजना बना रहा है। पहला हेलीपैड खरडी और इगतपुरी के बीच बनाया जाएगा, दूसरा शिरडी में, तीसरा औरंगाबाद में और चौथे की जगह अभी तय नहीं है। दिसंबर 2023 तक पूरे एक्सप्रेस वे को चालू करने की योजना है। वर्तमान में नागपुर से मुंबई सड़क मार्ग से 16 घंटे लगते हैं। समृद्धि महामार्ग से इसका समय घटकर 7 घंटे हो जाएगा।
मनुष्य ही नहीं, वन्य जीवों का भी रखा है ध्यान
यह ऐसा एक्सप्रेस वे है, जिसमें वन्य जीवों के लिए ग्रीन ओवर ब्रिज़ व अंडर ब्रिज की सुविधा दी गई है। मतलब जंगली जानवरों को वन में विचरण करते वक्त सड़क पार नहीं करना होगा। उनके लिए सड़क के नीचे और ऊपर से विशेष ग्रीन रास्ता बनाया गया है, वे वहीं से पार हो जाएंगे। ऐसा नहीं होने से जंगली जानवर सड़क पर आ जाते हैं और अक्सर दुर्घटना के शिकार हो जाते हैं।
एक्सप्रेस वे एक ग्रीन कॉरिडोर प्रोजेक्ट है यानी सड़क के किनारे और बीच में लगभग 12.68 लाख पेड़ लगाए जा रहे हैं।
एक्सप्रेस वे पर इतनी है स्पीड लिमिट (Mumbai Nagpur Expressway)
एक्सप्रेस वे पर बीच के लेन की 120 किलोमीटर प्रति घंटे की अधिकतम गति सीमा तय की गई है। बाई लेन में लोडिंग व्हीकल के लिए 80 किलोमीटर प्रति घंटे की गति सीमा है। वहीं दाहिनी लेन ओवर टेक करने के लिए निर्धारित है। इस मार्ग पर तीन वन्य जीव अभ्यारण हैं जिनके लिए अंडरपास, ओवरपास तथा ऊंची पुलिया बनाई गई है। साथ ही सबसे बड़ी सुरंग कसारा घाट इगतपुरी में है। कुल मिलाकर एक्सप्रेस वे में 33 बड़े पुल, 274 छोटे पुल और 6 सुरंग तथा 65 फ्लाईओवर होंगे।
नीचे दिए वीडियो में देखें समृद्धि एक्सप्रेस वे की सुंदरता…
रेलिंग के साथ-साथ बनी है सुरक्षा दीवार भी (Mumbai Nagpur Expressway)
छह लेन वाले एक्सप्रेस वे पर सड़क के दोनों ओर रेलिंग के साथ-साथ कुछ दूरी पर सुरक्षा दीवार भी बनाई गई है। जिससे बिना व्हीकल कंप्यूटरीकृत रीड किये कोई भी कहीं से भी प्रवेश नहीं कर पाएगा। साथ ही टू व्हीलर और थ्री व्हीलर मोटर व्हीकल इस मार्ग पर प्रवेश नहीं कर पाएंगे। समृद्धि मार्ग पर प्रवेश करने के लिए निर्धारित मार्ग बनाए गए हैं। इन मार्गों पर बने टोल प्लाजा में वाहन के प्रवेश के समय को रीड किया जाता है। प्रस्थान करने पर वाहन वापस रीड होता है और किलोमीटर के हिसाब से टोल चुकाना पड़ता है।
एक्सप्रेस वे पर हैं इलेक्ट्रिक चार्जिंग प्वाइंट (Mumbai Nagpur Expressway)
समृद्धि एक्सप्रेस वे पर यात्रियों की सुविधा देखते हुए लगभग 50 किलोमीटर की दूरी पर पेट्रोल पंप के साथ ही व्हीकल के लिए इलेक्ट्रिक चार्जिंग प्वाइंट और रिफ्रेशमेंट एवं कैंटीन की सुविधा यात्रियों को दी गई है। जहां पर लंबी यात्रा के बाद छोटा ब्रेक लेकर यात्री स्नेक्स, चाय एवं भोजन आदि का आनंद लेकर अपने गंतव्य की ओर प्रस्थान कर सकता है।
एक्सप्रेस वे पर दुर्घटना का कारण सड़क सम्मोहन
महाराष्ट्र में सड़क हादसों में प्रतिवर्ष लगभग 15 हजार मौतें होती है। समृद्धि एक्सप्रेस वे बनते ही इस पर होने वाले सड़क हादसे भी चर्चा का विषय बना हुआ है। छह-लेन चौड़े इस एक्सप्रेस-वे पर होने वाले हादसों के कारणों में से एक कारण सड़क सम्मोहन है। इस मार्ग पर कुछ तो नया है। जैसे ढाबे, गांव, लोग कम ही दिखाई पड़ते हैं। साथ ही बीच में कोई भी टू व्हीलर नहीं आने वाली है। जिससे ड्राइवर अपना दिमाग ज्यादा प्रयोग नहीं करता।
- Also Read: Hair Care Tips: घरेलू नुस्खों से फ्रिजी बालों की समस्या को करें दूर, हेयर बनेंगे सिल्की और सॉफ्ट
अलर्ट मोड कम हो जाता है और बिलकुल सीधी सड़क होने से सावधानी में ढील और अधिक स्पीड होने पर भी ड्राइवर की सतर्कता कम हो जाती है। सड़क सम्मोहन एक ऐसी मानसिक अवस्था है, जिसमें चालक सड़क की एकरसता से सम्मोहित होकर बाहरी घटनाक्रमों से प्रभावित हुए बिना काफी दूरी तक वाहन चलाता जाता है। अगर सरल भाषा में समझे तों सड़क सम्मोहन यानी अच्छी सड़क देखकर ध्यान खो देना और नींद लग जाने से दुर्घटना का शिकार हो जाना।
एक्सप्रेस वे पर यात्रा करें तो इन बातों का रखें ख्याल
एक्सप्रेस वे पर लॉन्ग ड्राइव कतई ना करें। निश्चित दूरी तय करके या एक घंटे बाद चाय-कॉफी का ब्रेक जरूर लें या ठंडा पानी मुंह पर मारें। यात्रा करने से पहले ही 7- 8 घंटे की पर्याप्त नींद ले लें ताकि यात्रा के दौरान नींद की झपकी ना लगे। यात्रा के दौरान संगीत का आनंद लें, ताकि चेतना दिमाग में चलती रहे। जिससे सड़क सम्मोहित नहीं करेगी। यात्रियों को भी ध्यान रहे कि चलते वाहन में ना सोए क्योंकि लोग सोएंगे तो ड्राइवर भी सोएगा।
ड्राइवर के बाजू में बैठा व्यक्ति तो कतई ना सोए बल्कि बात करते रहे जिससे कि ड्राइवर बोर न हो और अपने मस्तिष्क को सक्रिय रखें। लेन पर वाहन खड़ा ना करें। लंबी दूरी की यात्रा में ड्राइवर अनकंफरटेबल स्थिति में सीट पर बैठे, कंफर्टेबल बैठकर यात्रा करने से आलस आता है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया उद्घाटन (Mumbai Nagpur Expressway)
मनुष्य ही नहीं, वन्य जीवों का भी रखा है ध्यान
एक्सप्रेस वे पर इतनी है स्पीड लिमिट (Mumbai Nagpur Expressway)
एक्सप्रेस वे पर हैं इलेक्ट्रिक चार्जिंग प्वाइंट (Mumbai Nagpur Expressway)
एक्सप्रेस वे पर दुर्घटना का कारण सड़क सम्मोहन
एक्सप्रेस वे पर यात्रा करें तो इन बातों का रखें ख्याल


