खेती किसानी

Genhu Me Pilapan Kaise Dur Kare: गेहूं की फसल को पानी देने के बाद भी आ रहा पीलापन, बस 150 रुपए में दूर होगी ये समस्या, जानें कैसे

Genhu Me Pilapan Kaise Dur Kare, Gehu ki Fasal, Gehu me pilapan dur kane ke upay, Gehu Me Pilapan, Gehu Ki Kheti, Gehu Ki Kheti Hindi News,

Genhu Me Pilapan Kaise Dur Kare: गेहूं की फसल को पानी देने के बाद भी आ रहा पीलापन, बस 150 रुपए में दूर होगी ये समस्या, जानें कैसे
Genhu Me Pilapan Kaise Dur Kare: गेहूं की फसल को पानी देने के बाद भी आ रहा पीलापन, बस 150 रुपए में दूर होगी ये समस्या, जानें कैसे

Genhu Me Pilapan Kaise Dur Kare : देश में रबी सीजन के चलते अधिकतर किसानों ने गेहूं की बुआई कर रहे है। ज‍बकि अधिकांश हिस्‍से में बुवाई लगभग पूरी हो चुकी है। गेहूं की फसल में किसानों ने पानी लगना शुरू कर दिया है। कुछ किसानों की गेहूं की फसल में पानी लगाने से पहले ही हल्का पीलापन दिखाई दे रहा है।

यह पीलापन पानी देने के बाद और भी अधिक बढ़ जाता है। गेहूं में पीलापन बढ़ने का मुख्‍य कारण यह है कि जिंक, सल्फर, मैग्नीशियम और मैंगनीज की कमी आदि। अगर आपने पिछली बुआई के समय पर फसल में जिंक डाली है, तो आपको गेहूं में जिंक डालने की आवश्यकता नहीं पड़ती। सल्फर आप गेहूं में डाल देते हो। लेकिन अगर उसके साथ ही पीलापन दूर ना हो, तो आपकी गेहूं में मैगनीज की कमी है। मैंगनीज और मैग्नीशियम दोनों अलग-अलग तत्व होते हैं। जानें किस प्रकार से गेहूं का पीलापन दूर करें।

मैंगनीज की कमी के लक्षण के कारण (Genhu Me Pilapan Kaise Dur Kare)

मैंगनीज की कमी गेहूं की ऊपरी पतियों पर देखने को मिलती है। मैंगनीज की कमी से गेहूं की पत्तियों पर हल्के व छोटे-छोटे धब्बे दिखाई देते हैं। इसमें पत्ते पर हल्का पीलापन आ जाता है। मैंगनीज की कमी होने से पौधे की क्लोरोफिल की मात्रा कम हो जाती है। जिससे उसमें पीलापन दिखाई देने लगता है। इसकी कमी से खेत में छोटे-छोटे भाग आपको पिले नजर आने लग जायेंगे।

गेहूं में मैंगनीज की मात्र (Genhu Me Pilapan Kaise Dur Kare)

मैंगनीज एक स्थान से दूसरे स्थान पर नहीं जा सकता। इसलिए इसका प्रयोग हमें स्प्रे में करना पड़ता है। मिट्टी में मैंगनीज नहीं डालना चाहिए। मैंगनीज की स्प्रे में 1 किलोग्राम मात्रा प्रति एकड़ प्रयोग की जाती है। मैंगनीज के साथ आप 125 ग्राम चेल्टेड जिंक भी साथ में मिलाकर स्प्रे कर सकते हैं।

गेहूं में मैंगनीज डालने का सही समय (Genhu Me Pilapan Kaise Dur Kare)

मैंगनीज का प्रयोग पानी देने से 3 से 4 दिन पहले या फिर पानी देने के 3 से 4 दिन बाद प्रयोग कर सकते हैं। इसका आपको फसल में एक बार ही प्रयोग करना है। इसे स्प्रे के द्वारा ही डालना चाहिए।

मैंगनीज की कमी के कारण (Genhu Me Pilapan Kaise Dur Kare)

  • अत्यधिक मात्रा में पानी का खड़ा रहना।
  • ठंड के कारण भी गेहूं में मैंगनीज की कमी देखी जाती है।
  • घास मारने वाली दवाई के इस्तेमाल से भी गेहूं में मैग्नीशियम की कमी हो जाती है।
  • अगर आपकी मिट्टी का पीएच लेवल अधिक है तो इसमें भी मैंगनीज की कमी आ सकती है।

गेहूं में मैंगनीज के कार्य (Genhu Me Pilapan Kaise Dur Kare)

मैंगनीज पौधे में क्लोरोफिल की मात्रा को बढ़ाने में मदद करता है। जिससे पौधे में फुटाव और हरापन आता है। मैंगनीज का प्रयोग करने से आपको फसल में कोई भी ग्रोथ प्रमोटर डालने की आवश्यकता नहीं पड़ती। कल्लों का फुटाव ये आसानी से करा देता है। (Genhu Me Pilapan Kaise Dur Kare)

इन कारणों से भी होता है पीलापन (Genhu Me Pilapan Kaise Dur Kare)

इस रोग के लक्षण पत्तियों की शिराओं के साथ-साथ चलने वाले धब्बों की पीले रंग की धारियों के रूप में दिखाई पड़ते है। पौधे के तने, पर्णाच्छद एवं बाली पर भी ऐसे धब्बे दिखाई पड़ सकते हैं। जिनमें पिसी हुई हल्दी जैसा पीला चूर्ण निकलता है। रोग से प्रभावित पत्तियां शीघ्र पककर सूख जाती है। इस रोग का प्रकोप अधिक ठंड और नमी वाले मौसम में बहुत ही अधिक होता है। (Genhu Me Pilapan Kaise Dur Kare)

रोग प्रबंधन (Genhu Me Pilapan Kaise Dur Kare)

  • विभिन्न जलवायु क्षेत्रों के लिए अनुमोदित पीला रतुआ रोगरोधी किस्मों का चुनाव करें।
  • रतुआ निरोधक किस्में 4-5 वर्ष के बाद रोगग्राही बन जाती हैं। ऐसी स्थिति रतुआ कवकों में परिवर्तन होने पर आती है इसलिए नवीनतम सहनशील किस्मों को प्रयोग में लाएं।
  • नाइट्रोजन प्रधान उर्वरकों की अत्यधिक मात्रा रतुआ रोगों को बढ़ाने में सहायक होती है। इसलिए उर्वरकों के संतुलित अनुपात में पोटाश की उचित मात्रा का प्रयोग करें। (Genhu Me Pilapan Kaise Dur Kare)
  • इस बीमारी के नियंत्रण के लिए प्रोपेकोनाजोल (टिल्ट 25 ईसी) के 0.1 प्रतिशत घोल का छिड़काव करें।

“बैतूल अपडेट” व्हाट्सएप चैनल से जुड़ने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें 👇

Related Articles

Back to top button