MP mini rice bowl Chopna: एमपी के इस गांव में हर किसान के पास निजी तालाब, धान का बंपर उत्पादन
MP mini rice bowl Chopna: देश का धान का कटोरा भले ही छत्तीसगढ़ कहा जाता हो, लेकिन आपको यह जानकर आश्चर्य होगा कि एक धान का कटोरा मध्यप्रदेश में भी है। यह धान का कटोरा बैतूल जिले के घोड़ाडोंगरी ब्लॉक में स्थित चोपना में है। यह जिला मुख्यालय से करीब 50 किलोमीटर दूर स्थित है। इस पंचायत ने केवल धान उत्पादन के मामले में ही अपनी पहचान नहीं बनाई बल्कि और भी कई कारणों से यह मशहूर है।
चोपना ग्राम पंचायत को जिले का धान का कटोरा कहा जाता है। इस ग्राम पंचायत में लगभग सभी किसानों के पास निजी तालाब है। वहीं गांव में शासकीय तालाब भी उपलब्ध है। जिससे सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी है। यही कारण है कि यहां के अधिकांश किसान धान की खेती करते हैं। वहीं गर्मी के मौसम में तरबूज और ककड़ी की खेती भी किसान कर रहे है।
खासी प्रसिद्ध है यहां की बंगाली मिठाई (MP mini rice bowl Chopna)
चोपना की बंगाली मिठाइयां और लकड़ी की कलाकृतियां प्रसिद्ध हैं। यहां बनी लकड़ी की कलाकृतियां विदेशों तक जाती है। चोपना क्षेत्र में शिक्षा के लिए हायर सेकेंडरी एवं निजी कॉलेज उपलब्ध है। चोपना में प्रति सोमवार साप्ताहिक बाजार भी लगता है। चोपना में उप तहसील कार्यालय भी बना है। चोपना ग्राम पंचायत में 8 गांव आते हैं। इसमें चोपना 1, चोपना 2, चोपना 3, चोपना वन ग्राम, पूंजी, कोल्या, दुर्गापुर और कोल्या वनग्राम शामिल हैं।

लकड़ी की कलाकृतियों का जवाब नहीं (MP mini rice bowl Chopna)
चोपना में सागौन की लकड़ियों से बनी कलाकृतियों को लेने देश-विदेश से लोग जाते हैं। यहां के कलाकार अनिल विश्वास और उनके बेटे मनोजीत विश्वास लकड़ी की कलाकृति बनाते हैं। उनके द्वारा लकड़ी की बैलगाड़ी, हिरण, शेर, हाथी, गाय, भगवान गणेश जी, हनुमान जी सहित अन्य कलाकृतियां बनाई जाती है।
देखते ही रह गए थे प्रधानमंत्री मोदी (MP mini rice bowl Chopna)
पिछले साल केंद्रीय राज्यमंत्री डीडी उइके ने चोपना में बनी लकड़ी की बैलगाड़ी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भेंट की थी। इस दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लकड़ी की बैलगाड़ी को निहारते ही रह गए थे। वहीं गृहमंत्री अमित शाह को केंद्रीय राज्यमंत्री डीडी उइके ने चोपना की लकड़ी से बनी भगवान गणेश जी प्रतिमा भेंट की थी। इसके साथ ही मप्र और महाराष्ट्र के भी कई मंत्री एवं अन्य लोग यहां की बनी लकड़ी कलाकृति ले गए हंै। अमेरिका, दुबई सहित अन्य देशों के लोगों ने भी यहां लकड़ी की कलाकृतियों को खरीदा है।

इसलिए बंद करना पड़ा ऑनलाइन बिक्री (MP mini rice bowl Chopna)
चोपना में बनी लकड़ी की कलाकृति की लगातार डिमांड बढ़ने से इसकी ऑनलाइन ब्रिकी भी शुरू की गई थी। कलाकार मनोजीत विश्वास ने बताया कि लकड़ी की कलाकृति की ऑनलाइन ब्रिकी भी शुरू की थी। रोजना 200 से 300 कलाकृति की डिमांड आने लगी थी। जिसे पूरा कर पाना मुश्किल था। इसलिए ऑनलाइन ब्रिकी बंद कर दी। घर पर ही लोग कलाकृति खरीदने आते हैं। मंत्री, कलेक्टर सहित कई बड़े लोग आकर लकड़ी की कलाकृति खरीद कर ले गए हैं।
यहां की 80 प्रतिशत आबादी साक्षर (MP mini rice bowl Chopna)
चोपना ग्राम पंचायत की आबादी 5482 है। खास बात यह है कि यहां की 80 प्रतिशत जनसंख्या साक्षर है। गौरतलब है कि चोपना पुनर्वास क्षेत्र हैं। इस क्षेत्र में करीब 52 गांवों में लोगों को बसाया गया था। इन्हीं में से एक चोपना ग्राम ने अपनी एक विशेष पहचान बनाई है। (MP mini rice bowl Chopna)
देश-दुनिया की ताजा खबरें (Hindi News Madhyapradesh) अब हिंदी में पढ़ें | Trending खबरों के लिए जुड़े रहे betulupdate.com से | आज की ताजा खबरों (Latest Hindi News) के लिए सर्च करें betulupdate.com



