Makka Ki Unnat Kisme : सबसे ज्यादा उत्पादन देने वाली मक्के की 3 नई विकसित किस्में, इतने दिन में हो जाती तैयार
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Makka Ki Unnat Kisme: भारत में गेहूं और धान के बाद सबसे ज्यादा उगाई जाने वाली फसलों में से एक मक्का है। मक्का पर कई मल्टीनेशनल कंपनियां आधारित है और देश सहित विदेशों में भी मक्के की डिमांड बढ़ गई है। इसी कारण से अधिकांश किसान मक्की की खेती के प्रति आकर्षित हो रहे हैं, लेकिन इसमें एक चुनौती आती है, वह है बेस्ट क्वालिटी का बीज चुनना। लेकिन अब किसानों कि इस समस्या का भी समाधान हो गया हैं, क्योंकि वैज्ञानिकों ने नई 3 वैरायटी पेश की है, जो मौसम के अनुकूल है और ज्यादा उत्पादन देने में भी सक्षम है। आज हम आपको इन 3 मक्के की 3 शानदार नई किस्म के बारे में बता रहे हैं…

डी. 941 (D. 941)
यह संकुलित किस्म का मक्का है। इसकी खेती हरियाणा, पंजाब और उत्तर प्रदेश में की जाती है। मध्य प्रदेश के कुछ इलाकों में भी इस किस्म की मक्का का उत्पादन शुरू हो चुका है। प्रति हेक्टेयर जमीन से लगभग 40 से 45 क्विंटल फसल प्राप्त होता है। इसके फसल को तैयार होने में 80-85 दिन का समय लगता है।
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MAH 14-138 (Makka Ki Unnat Kisme)
मक्के की इस नई किस्म MAH 14-138 में उपज लगभग 35 से 38 क्विंटल प्रति एकड़ होती है। इस फसल की अवधि 120 से 135 दिनों की होती है। इस नई किस्म के पौधे कटाई के बाद भी हरे रहते हैं, जिससे मवेशियों को इस चारे को पचाने में आसानी होती है।

VLQPM Hybrid 63
वीएल क्यूपीएम हाइब्रिड 61 में ट्रिप्टोफैन की मात्रा 0.72, लाइसिन की 3.20 व प्रोटीन की मात्रा 9.22 प्रतिशत है। इस प्रजाति की परिपक्वता 90-95 दिन है। राज्य-स्तरीय समन्वित परीक्षणों में इसकी औसत उपज 4,675 किलोग्राम प्रति हेक्टेयर है, जो तुलनीय किस्म, विवेक क्यूपीएम 9 (4,000 किग्रा/हेक्टेयर) से 16.9 प्रतिशत अधिक है। इस प्रजाति में भी टर्सिकम व मेडिस पर्ण झुलसा के लिए मध्यम प्रतिरोधकता है।



