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Indian Railway Facts: क्या आप जानते हैं? ट्रेन के आखिरी डिब्बे पर ‘X’ अक्षर का मतलब, रेलवे ने बताया कितना जरूरी है ये निशान

Indian Railway Facts: Do you know? The meaning of the letter 'X' on the last compartment of the train, the railway told how important this mark is

Indian Railway Facts: क्या आप जानते हैं? ट्रेन के आखिरी डिब्बे पर 'X' अक्षर का मतलब, रेलवे ने बताया कितना जरूरी है ये निशान

Indian Railway Facts: भारतीय रेल से जुड़े कई ऐसे फैक्टर है जो हर कोई नहीं जानता। भारतीय रेल दुनिया के सबसे बड़े रेल यातायात में से एक है। रेलवे रेल की संपत्ति की सुरक्षा के लिए कई सिग्नल और चिन्हों का इस्तेमाल करते हैं। आपने भी ट्रेन में सफर के दौरान इस तरह के सिग्नल और चिन्ह देखे होंगे, लेकिन क्या आप इन सिग्नलों और सिग्नल ओ का मतलब जानते हैं? आपने ट्रेन के आखरी डब्बे के पीछे एक क्रॉस ‘X’ का निशान देखा होगा। आप इस निशान का मतलब जानते हैं। यह रेलवे के लिए बहुत अहम निशान होता है। चलिए जानते इस निशान के बारे में…

रेलवे ने किया ये ट्वीट | Indian Railway Facts

रेल मंत्रालय के आधिकारिक ट्विटर अकाउंट के एक पोस्ट के अनुसार, पीले रंग का “X” चिन्ह दर्शाता है कि ट्रेन बिना किसी कोच को पीछे छोड़े निकल गई है। पोस्ट के साथ कैप्शन में लिखा है, “क्या आप जानते हैं? ट्रेन के आखिरी डिब्बे पर ‘X’ अक्षर बताता है कि ट्रेन बिना किसी कोच को छोड़े गुजर गई है।”

ट्रेन के आखिरी डिब्बे पर ही क्यों होता है X का निशान

ट्रेन के आखिरी डिब्बे पर लिखे जाने वाला बड़ा सा एक्स का निशान आम लोगों के लिए नहीं होता है बल्कि यह रेल अधिकारी और कर्मचारियों को बताने के लिए होता है ट्रेन के पीछे बना हुआ यह बड़ा सा एक्स का निशान इस बात का संकेत है कि वह ट्रेन का आखरी डिब्बा है।

क्यों जरूरी है यह निशान

कोई भी ट्रेन स्टेशन से गुजरती है तो स्टेशन पर मौजूद रेलवे का कर्मचारी इस निशान पर खास नजर रखता है। क्योंकि यह निशान बताता है कि ट्रेन का यह आखिरी डिब्बा है। यदि ट्रेन निकलती है और उसके पीछे के डब्बे पर X का निशान नहीं होता है। इसका मतलब यह होता है कि ट्रेन से कुछ डिब्बे अलग हो गए हैं या पीछे छूट गए हैं। इस स्थिति में ट्रेन का कर्मचारी इसकी जानकारी तुरंत कंट्रोल रूम में देता है। तो अब आप भी जान गए होंगे कि ट्रेन के आखिरी डिब्बे के पीछे X का निशान क्यों बनाया जाता है और ये इतना जरूरी क्यों है?

उत्तम मालवीय

मैं इस न्यूज वेबसाइट का ऑनर और एडिटर हूं। वर्ष 2001 से पत्रकारिता में सक्रिय हूं। सागर यूनिवर्सिटी से एमजेसी (मास्टर ऑफ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) की डिग्री प्राप्त की है। नवभारत भोपाल से अपने करियर की शुरुआत करने के बाद दैनिक जागरण भोपाल, राज एक्सप्रेस भोपाल, नईदुनिया और जागरण समूह के समाचार पत्र 'नवदुनिया' भोपाल में वर्षों तक सेवाएं दी। अब इस न्यूज वेबसाइट "Betul Update" का संचालन कर रहा हूं। मुझे उत्कृष्ट पत्रकारिता के लिए प्रतिष्ठित सरोजिनी नायडू पुरस्कार प्राप्त करने का सौभाग्य भी नवदुनिया समाचार पत्र में कार्यरत रहते हुए प्राप्त हो चुका है।

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