MP E Uparjan : गेहूं खरीदी के लिए किसान पंजीयन में बड़ा बदलाव, लगेंगे यह दस्तावेज, यह तय की आखरी तारीख

MP E Uparjan : गेहूं खरीदी के लिए किसान पंजीयन में बड़ा बदलाव, लगेंगे यह दस्तावेज, यह तय की आखरी तारीख

MP E Uparjan :  मध्यप्रदेश में रबी विपणन वर्ष 2023-24 के लिए ई-उपार्जन पोर्टल पर किसानों का पंजीयन 6 फरवरी से 28 फरवरी तक किया जाएगा। समर्थन मूल्य पर गेहूं उपार्जन के लिए किसानों का पंजीयन किया जाएगा। इस वर्ष प्रक्रिया में किसान पंजीयन की व्यवस्था को सहज और सुगम बनाया गया है। अब किसान स्वयं के मोबाइल से घर बैठे पंजीयन कर सकेंगे। किसानों को नि:शुल्क एवं सशुल्क विकल्प के माध्यम से पंजीयन सुविधा उपलब्ध कराई गई है।

नि:शुल्क पंजीयन स्वयं के मोबाइल अथवा कम्प्यूटर से पंजीयन हेतु निर्धारित लिंक पर जाकर या एमपी किसान एप पर, ग्राम पंचायत, जनपद पंचायत एवं तहसील कार्यालयों में स्थापित सुविधा केन्द्र पर तथा पूर्व वर्षों की भांति सहकारी/विपणन संस्थाओं द्वारा संचालित पंजीयन केन्द्र पर जाकर किया जा सकता है।

वहीं एमपी ऑनलाइन कियोस्क, कॉमन सर्विस सेंटर कियोस्क, लोक सेवा केन्द्र तथा निजी व्यक्तियों द्वारा संचालित साइबर कैफे पर 50 रुपए शुल्क देकर पंजीयन किया जा सकता है। सिकमीधारी कृषक/वनपट्टाधारी एवं प्रमाणपत्र धारी किसानों के पंजीयन की सुविधा केवल समिति स्तर पर उपलब्ध होगी।

किसानों के खाते में होगा भुगतान

किसानों को उपार्जित फसल का भुगतान उनके आधार नंबर से लिंक खाते में सीधा प्राप्त होगा। किसान पंजीयन हेतु अपने आधार नंबर से बैंक खाता और वर्तमान मोबाइल नंबर को लिंक कराकर रखना अनिवार्य होगा। पंजीयन के समय किसान को भू-अधिकार ऋण पुस्तिका/खसरा की प्रति, पहचान पत्र स्वरूप आधार कार्ड एवं बैंक खाते से लिंक मोबाइल नंबर एवं समग्र आईडी लाना अनिवार्य होगा।

बैतूल में 78 केंद्रों पर पंजीयन

किसान पंजीयन कराते समय सिकमीदार/वनाधिकार पट्टाधारी किसानों को वन पट्टा प्रमाण पत्र एवं सिकमी अनुबंध की प्रति उपलब्ध करानी होगी। किसान पंजीयन हेतु जिले में समिति स्तर पर 78 पंजीयन केन्द्रों के माध्यम से किए जाएंगे। एक से अधिक स्थान पर भूमि होने पर भी पंजीयन केवल एक ही पंजीयन केन्द्र पर किया जा सकेगा। एक से अधिक जगह पर उपज होने पर किसान ध्यान से खसरेवार उपज का पंजीयन कराएं। किसान का भू-अभिलेख में दर्ज रकबा ही पंजीयन हेतु मान्य होगा।

MP E Uparjan : गेहूं खरीदी के लिए किसान पंजीयन में बड़ा बदलाव, लगेंगे यह दस्तावेज, यह तय की आखरी तारीख

गिरदावरी से होगा फसल सत्यापन

बोई गई फसल का सत्यापन गिरदावरी की जानकारी से किया जाएगा। किसानों के लिए अपनी बोई गई फसल की जानकारी संबंधित पटवारी/तहसील कार्यालय से अवलोकन कर आवश्यक होने पर अपनी दावा आपत्ति निराकरण समयावधि में तहसील कार्यालय में प्रस्तुत करना उपयुक्त होगा।

बगैर पंजीयन नहीं मिलेगा लाभ

कृषि उपजों पर न्यूनतम समर्थन मूल्य का लाभ लेने के लिए किसानों का पंजीयन करवाया जाना आवश्यक है। किसानों से अपील की गई है कि शीघ्र ही अपनी उपज का पंजीयन निर्धारित तिथि के पूर्व करवा लें एवं किसान पंजीयन की अंतिम तिथि 28 फरवरी निर्धारित की गई है।