Betul Mandi News: बैतूल मंडी में एक ही दिन में आधी हुई कृषि उपज की आवक, गेहूं के भाव समर्थन मूल्य से भी कम
Betul Mandi News: मध्यप्रदेश के बैतूल में स्थित कृषि उपज मंडी में सोमवार के मुकाबले मंगलवार को कृषि उपजों की आवक आधी ही रह गई। वहीं गेहूं के भाव भी समर्थन मूल्य से कम मिल रहे हैं। इसके बावजूद किसान सरकार को गेहूं के बजाय मंडी में ही गेहूं की बिक्री करना बेहतर समझ रहे हैं। इसके कई कारण बताए जा रहे हैं।
सोमवार को बैतूल मंडी में कुल 20087 बोरे उपज की आवक हुई थी। इनमें सोयाबीन की 6940, चना 206, मक्का 7516, गेहूं 5355, सरसो 35 और तुअर की आवक 35 बोरे हुई थी। इसके ठीक अगले ही दिन मंगलवार को आवक घटकर मात्र 10903 बोरे रह गई। मंगलवार को सोयाबीन की 3307 बोरे, चना की 102 बोरे, मक्का की 3864 बोरे, गेहूं की 3608 बोरे, सरसो की 21 और तुअर की मात्र 1 बोरा आवक हुई। (Betul Mandi News)
यह बताई जा रही इसकी वजह (Betul Mandi News)
अचानक आवक कम होने के पीछे कारण यह बताया जाता है कि शनिवार और रविवार को अवकाश था। अवकाश के बाद पहले दिन एक साथ अधिकांश किसान उपज लेकर मंडी पहुंच जाते हैं। यही कारण है कि सप्ताह के पहले आवक में काफी इजाफा हो जाता है। इसके बाद फिर रूटिन के अनुसार किसान आते रहते हैं। इसलिए अन्य दिनों में आवक कम रहती है। (Betul Mandi News)
दामों पर नहीं पड़ा कोई असर (Betul Mandi News)
आवक में अचानक कमी आने के बावजूद विभिन्न उपजों के दामों में कोई खास नहीं आया है। गेहूं के भाव अधिकांश किसानों को समर्थन मूल्य से कम ही मिल रहे हैं। मंगलवार को गेहूं के उच्चतम भाव 2650 रुपये तक पहुंचे, लेकिन यह गिने-चुने किसानों को ही मिले। गेहूं का न्यूनतम भाव 2351 रुपये और अधिकांश किसानों को जो प्रचलित भाव मिला वह 2535 रुपये रहा। (Betul Mandi News)
फिर भी मंडी ही आ रही उपज (Betul Mandi News)
सरकार द्वारा किसानों से गेहूं की खरीदी 2600 रुपये प्रति क्विंटल के भाव से की जा रही है। इसके बावजूद किसान मंडी में ही उपज लाकर बिक्री कर रहे हैं। इसकी वजह यह बताई जा रही है कि खाते में राशि आते ही किसानों के ऋण की राशि काट ली जा रही है। इसके अलावा भुगतान भी देरी से होता है। इसके विपरीत मंडी में तुरंत भुगतान मिल जाता है। (Betul Mandi News)


