Pension Rule 2026: 2005 के बाद नियुक्त कर्मचारियों के परिवारों को भी मिलेगी पेंशन, कैबिनेट का बड़ा फैसला
Pension Rule 2026: मध्य प्रदेश सिविल सेवा पेंशन नियम 2026 को मंजूरी, NPS कर्मचारियों, बेटियों और दिव्यांग आश्रितों को मिलेगा परिवार पेंशन का लाभ
Pension Rule 2026: लाखों सरकारी कर्मचारियों और उनके परिवारों के लिए राहत भरी खबर आई है। मध्य प्रदेश सरकार ने पेंशन नियमों में बड़ा संशोधन करते हुए ऐसी व्यवस्था लागू करने का निर्णय लिया है, जिससे अब 1 जनवरी 2005 के बाद नियुक्त कर्मचारियों के आश्रितों को भी परिवार पेंशन का लाभ मिल सकेगा। यह बदलाव लंबे समय से उठ रही मांगों के बाद सामने आया है और इसे सामाजिक सुरक्षा की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
कैबिनेट ने दी संशोधन को मंजूरी
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंत्रालय में आयोजित कैबिनेट बैठक में वर्ष 1976 के सिविल सेवा पेंशन नियमों में संशोधन को स्वीकृति प्रदान की गई। इन संशोधनों को मध्य प्रदेश सिविल सेवा पेंशन नियम 2026 के रूप में लागू किया जाएगा। नए प्रावधान 1 अप्रैल 2026 से प्रभावी होंगे। वित्त विभाग को इन नियमों के प्रकाशन और क्रियान्वयन की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
क्यों जरूरी था नियमों में बदलाव
साल 1976 में बनाए गए पेंशन नियमों में केंद्र सरकार समय-समय पर बदलाव करती रही, लेकिन प्रदेश में कई प्रावधान पूरी तरह लागू नहीं हो पाए थे। कर्मचारी संगठनों का कहना था कि परिवार पेंशन और आश्रितों से जुड़े नियमों को स्पष्ट और व्यापक बनाने की जरूरत है। इसी मांग को ध्यान में रखते हुए अपर मुख्य सचिव वित्त मनीष रस्तोगी की अध्यक्षता में एक समिति बनाई गई थी। समिति की सिफारिशों के आधार पर अब कैबिनेट ने संशोधन को मंजूरी दी है।
एनपीएस कर्मचारियों को बड़ी राहत
1 जनवरी 2005 के बाद नियुक्त सभी शासकीय कर्मचारी नेशनल पेंशन सिस्टम के तहत आते हैं। इस व्यवस्था में कर्मचारियों के वेतन से 14 प्रतिशत राशि अंशदान के रूप में कटती है और राज्य सरकार भी उतनी ही राशि जमा करती है। अब तक सेवा के दौरान कर्मचारी की मृत्यु होने की स्थिति में परिवार पेंशन को लेकर स्पष्ट प्रावधान नहीं था। इस कारण कर्मचारियों और उनके परिवारों में असुरक्षा की भावना बनी रहती थी।
अब नए नियम लागू होने के बाद यदि किसी कर्मचारी की सेवा अवधि में मृत्यु हो जाती है तो उसके पति या पत्नी और अन्य पात्र आश्रितों को परिवार पेंशन मिलेगी। इस फैसले से एनपीएस के अंतर्गत आने वाले कर्मचारियों को सामाजिक सुरक्षा का भरोसा मिला है।
दिव्यांग और आश्रितों के लिए विशेष प्रावधान
संशोधित नियमों में सामाजिक संवेदनशीलता को प्राथमिकता दी गई है। मानसिक या शारीरिक रूप से दिव्यांग आश्रित, चाहे वह पुत्र, पुत्री, भाई या बहन हो, उसे जीवनभर परिवार पेंशन प्रदान की जाएगी।
आश्रित की आय सीमा अब न्यूनतम पेंशन 7,750 रुपये और उस पर मिलने वाली महंगाई राहत के आधार पर तय की जाएगी। परिवार पेंशन का अधिकार सबसे बड़ी संतान, चाहे बेटा हो या बेटी, को दिया जाएगा। इन प्रावधानों से उन परिवारों को स्थायी आर्थिक सहारा मिलेगा जिनकी आय के अन्य साधन सीमित हैं।
अब बेटियों को भी मिलेगी पेंशन
नए नियमों में बेटियों को लेकर महत्वपूर्ण परिवर्तन किया गया है। अब अविवाहित, विधवा और तलाकशुदा बेटियां भी अपने माता-पिता की परिवार पेंशन पाने की पात्र होंगी। पहले इस सुविधा पर 25 वर्ष की आयु सीमा लागू थी, जिससे कई जरूरतमंद बेटियां लाभ से वंचित रह जाती थीं। अब आयु संबंधी यह प्रतिबंध हटा दिया गया है। इसका मतलब है कि पात्र बेटियां उम्र की बाध्यता के बिना परिवार पेंशन प्राप्त कर सकेंगी। इसे महिला सशक्तिकरण की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।
- यह भी पढ़ें : High Court Gratuity Decision: हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, पूरी ग्रेच्युटी और सातवें वेतनमान की पेंशन देने के आदेश
प्रशासनिक प्रक्रिया में बड़ा सुधार
सरकार ने पात्रता के साथ-साथ पेंशन प्रक्रिया को भी सरल बनाने का निर्णय लिया है। तृतीय और चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों की पेंशन रोकने का अधिकार अब संबंधित प्रशासनिक विभाग को दिया गया है। वहीं प्रथम और द्वितीय श्रेणी अधिकारियों के मामलों में निर्णय कैबिनेट के समक्ष रखा जाएगा।
केंद्र सरकार की सेवा से मध्य प्रदेश में आए कर्मचारियों के मामले में पेंशन की गणना करते समय उनकी केंद्रीय सेवा की अवधि भी जोड़ी जाएगी। इसके अलावा पेंशन प्रकरणों के समयबद्ध निपटारे के लिए प्रक्रियाओं को सरल और स्पष्ट किया गया है, ताकि अनावश्यक देरी और जटिलताओं को कम किया जा सके।
कितने कर्मचारियों को होगा फायदा
प्रदेश में करीब सात लाख नियमित कर्मचारी कार्यरत हैं। इनमें से बड़ी संख्या एनपीएस के तहत आती है। अनुमान है कि तीन से चार लाख कर्मचारियों के परिवारों को इस निर्णय से सीधा लाभ मिलेगा। पेंशनर्स एसोसिएशन ने इसे करीब 18 वर्षों के प्रयासों का परिणाम बताया है। एसोसिएशन के संरक्षक गणेश दत्त जोशी ने इस निर्णय को कर्मचारियों के हित में ऐतिहासिक बताया है।
- यह भी पढ़ें : New Income Tax Act 2025: 1 अप्रैल 2026 से लागू होगा नया आयकर अधिनियम, जानें क्या बदलेगा और किसे मिलेगा सीधा फायदा
1 अप्रैल 2026 से लागू होंगे नए प्रावधान
राज्य सरकार ने स्पष्ट कर दिया है कि संशोधित पेंशन नियम 1 अप्रैल 2026 से प्रभावी होंगे। इसके बाद पात्र कर्मचारियों और उनके आश्रितों को नए नियमों के अनुसार लाभ मिल सकेगा।
पांच दशक पुराने नियमों में किया गया यह परिवर्तन प्रदेश की पेंशन व्यवस्था को वर्तमान जरूरतों के अनुरूप ढालने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है। इससे हजारों परिवारों को भविष्य की चिंता से राहत मिलेगी और उन्हें आर्थिक सुरक्षा का भरोसा मिलेगा।
सोशल मीडिया पर बैतूल अपडेट की खबरें पाने के लिए फॉलो करें-
- हमारे यूट्यूब चैनल पर खबरें देखने के लिए : यहां क्लिक करें
- वाट्सअप चैनल पर खबरें पाने के लिए : यहां क्लिक करें
- फेसबुक ग्रुप पर खबरें पाने के लिए : यहां क्लिक करें
- फेसबुक पेज पर खबरें पाने के लिए : यहां क्लिक करें
- एक्स पर खबरें पाने के लिए: यहां क्लिक करें
देश-दुनिया की ताजा खबरें (Hindi News Madhyapradesh) अब हिंदी में पढ़ें| Trending खबरों के लिए जुड़े रहे betulupdate.com से| आज की ताजा खबरों (Latest Hindi News) के लिए सर्च करें betulupdate.com






