
आबकारी विभाग की सक्रियता की एक बार फिर पोल खुल गई है। बैतूल शहर से सटे सोनाघाटी में धड़ल्ले से अवैध महुआ शराब बन रही थी और आबकारी विभाग को इसकी भनक तक नहीं थी। सूचना मिलने पर यहां कोतवाली पुलिस ने पहुंच कर कार्यवाही की।

कुछ समय पहले भी पुलिस ने ही यहां कार्यवाही कर अवैध शराब बनाए जाने का खुलासा किया था। इसके बावजूद आबकारी विभाग ने ध्यान देना जरूरी नहीं समझा। इससे आबकारी विभाग की कार्यप्रणाली का अंदाजा लगाया जा सकता है कि शहर से सटे इलाकों में यह हाल है तो दूरदराज के क्षेत्रों में क्या स्थिति होगी।

प्राप्त जानकारी के मुताबिक कोतवाली थाना प्रभारी अपाला सिंह को सूचना प्राप्त हुई थी कि सोनाघाटी पारधीढाना में देशी कच्ची महुआ शराब बनाने के लिये लहान रखे हैं। सूचना तस्दीक पर हमराह स्टाफ को तलब कर थाना प्रभारी सोनाघाटी पारधीढाना पहुंची। वहां बडी तादाद में महुआ लाहान, ड्रम एवं शराब बनाने के उपकरण रखे थे। पुलिस ने इन्हें नष्ट करने की कार्यवाही की है।
उक्त कार्यवाही में निरीक्षक अपाला सिंह, उप निरीक्षक मोहित दुबे, सहायक उप निरीक्षक मलखान, आरक्षक नारायण, सुनील, जितेन्द्र की अहम भूमिका रही। उल्लेखनीय है कि कुछ महीने पहले पुलिस ने ही यहां कार्यवाही कर शराब बनाने की भट्टी तहस नहस कर समझाइश दी थी।