Gangavataran Abhiyan: नगाड़ा पहाड़ी पर ग्रामीणों ने खोदी खंतियाँ, वर्षा जल संरक्षण के लिए बहा रहे पसीना
Gangavataran Abhiyan: Villagers dig trenches on Nagada hill, sweating to conserve rain water
Gangavataran Abhiyan: (बैतूल)। आजादी के अमृत महोत्सव में बैतूल जिले की 75 पहाड़ियों पर 75 हजार जल संरचनाओं के निर्माण के अन्तर्गत शनिवार को ग्राम सेंदुरजना की पहाड़ी पर एक सैकड़ा से अधिक श्रमदानियों ने 50 खंतियों का निर्माण किया। जनभागीदारी से वर्षाजल को धरती के पेट में उतारने के लिए जारी इस अभियान में आमजन की सहभागिता बढ़ती जा रही है। प्रातः 7 बजे से 9 बजे कड़ी धूप में श्रमदानियों ने पानी रोकने के लिए पसीना बहाया।
इस अवसर पर आयोजित चौपाल बैठक में अभियान के संयोजक मोहन नागर ने कहा कि विद्या भारती जनजाति शिक्षा व भारत भारती के माध्यम से जिले भर में जारी इस अभियान में हजारों ग्रामीणजन सहभागी हो रहे हैं। जनभागीदारी से गाँव की धरती पर वर्षाजल को रोकने का यह अभियान जन अभियान का रूप ले रहा है। धरती में वर्षाजल रुकेगा व पेड़ों में वृद्धि होगी तो तापमान में कमी आयेगी।
श्रमदान में गंगावतरण अभियान (Gangavataran Abhiyan) के संयोजक मोहन नागर, विद्या भारती जनजाति शिक्षा जिला जलशक्ति टोली प्रमुख मिथलेश कवड़े, जिला प्रमुख बाजीराम यादव, संकुल प्रमुख जमदु सिंह अहाके, दिनेश यादव , शिवकिशोर यादव, मंगलूसिंह परते, मुकेश यादव सरपंच, तुलसीराम पन्द्रे, भैयालाल यादव, तेजीलाल इंगरे, मोहनलाल मालवी, रमेश मालवी, उदयराज बर्डे, बुध्दू कुमरे, जिल्लू कुमरे, तरूण इंगरे, प्रताप इंगरे, सुरेन बर्डे, राधेश्याम नान्हू इंगरे, तुलसीराम गाड़गे, जयराम यादव, कमलेश यादव, काल्या यादव, पुष्पा वटके, कुसुम पारधे, श्यामवती कुमरे सहित आसपास के ग्रामवासियों ने सहभागिता की।



