अब टेमनी धावडी में दस लाख में बना परकोलेशन टैंक फूटा, आरईएस के कार्यों की गुणवत्ता का एक और नमूना सामने
▪️ निखिल सोनी, आठनेर
betul news : इस साल बारिश का मौसम आरईएस विभाग द्वारा किए गए निर्माण कार्यों की जमकर पोल खोल रहा है। तीन दिन पहले गांव भीभापुर कोयलारी का डैम फूटने से किसानों को खासा नुकसान हुआ था। अब ग्राम धावडी में बनाया गया परकोलेशन टैंक बह गया है। बताया जा रहा है कि वर्ष 2020-21 में कोरोना काल में यह परकोलेशन टैंक बनाया था। तकनीकी अमले ने नियमों की धज्जियां उड़ाकर इसका निर्माण किया था। मनरेगा योजना अंतर्गत 10 लाख से अधिक की स्वीकृत राशि से बनाया गया यह डैम बह गया है।
किसानों की फसल को भारी नुकसान
डैम फूटने से किसानों की फसल पूरी तरह बर्बाद हो गई है। सुभाष घिडोडे, कृष्णा पांसे के खेत की फसल डैम के पानी में बह गई है। पीड़ित किसानों द्वारा मुआवजे की मांग की गई है। देखें फूटे परकोलेशन टैंक से हुई बर्बादी का वीडियो…
शिकायत को किया था नजरअंदाज
ग्राम धावडी टेमनी में निर्माण कार्य के शुरू दिन से परकोलेशन टैंक में तकनीकी विभाग के उपयंत्री विजय उईके एवं संरपच पति के बीच विवाद भी हुआ था। बावजूद इसके यहां पर निर्माण कार्य गुणवत्ता को ताक पर रख कर हुआ है। सुभाष घिडोडे का कहना है कि मामले में दोषियों पर सख्त कार्यवाही की जानी चाहिए।
ग्राम टेमनी पंचायत के धावडी गांव में परकोलेशन टैंक फूटने की जानकारी मिली है। उपयंत्री से जवाब मांगा जाएगा।
केपी राजौरिया
सीईओ, जनपद पंचायत, आठनेर



