Chhinnamastika Mata Mandir Betul: बैतूल में है देश का दूसरा छिन्न मस्तिका माता मंदिर, नवरात्र में रोज हो रही देवी जी की आराधना
Chhinnamastika Mata Mandir Betul: बैतूल। शारदीय नवरात्र के पावन अवसर पर पूरे जिले में हर्षोल्लास का माहौल है। इसी क्रम में बैतूल शहर ने धार्मिक दृष्टि से ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। सदर क्षेत्र में काशी तालाब के बाजू में देश का दूसरा श्रीश्री सिद्ध दसमहा विद्या छिन्न मस्तिका माता मंदिर भव्य आराधना और मंत्रोच्चार के बीच विधिवत रूप से कई वर्ष पूर्व स्थापित किया गया था।
सोमवार से शुरू हुए शारदेय नवरात्र में श्रद्धालु बड़ी संख्या में प्रतिदिन उपस्थित हो रहे हैं और छिन्न मस्तिका माता के अद्भुत रूप के दर्शन कर रहे हैं। मंदिर के व्यवस्थापक पं. आनंद अग्रवाल ने बताया कि इसके पूर्व झारखंड की राजधानी राची से लगभग 80 किमी की दूरी पर रामगढ़ जिले में रजरप्पा में छिन्न मस्तिका माता का मंदिर वर्षो पूर्व स्थापित हुआ था।

कामाख्या मंदिर के बाद सबसे बड़ा शक्तिपीठ
इस मंदिर का काफी महत्व है और इसे दुनिया में असम के कामख्या मंदिर के बाद सबसे बड़े शक्ति पीठ के रूप में पूजा जाता है। श्री अग्रवाल ने बताया कि बैतूल में यह दूसरा मंदिर है, जो मां शक्ति की दुर्लभ और अद्भुत उपासना का केंद्र बनेगा।
- यह भी पढ़ें : Multibagger Stock: इस पेनी स्टॉक ने कर दिया निवेशकों को मालामाल, दो महीने में 375% का दिया शानदार रिटर्न
तंत्र साधना का माना जाता है प्रतीक
मंदिर समिति से जुड़े अनिल पाखरे एवं कंचन साहू ने बताया कि छिन्न मस्तिका माता को तंत्र साधना और शक्ति आराधना का प्रतीक माना जाता है। पौराणिक मान्यता है कि राक्षसों और असुरों का संहार करने के लिए माता ने अपने ही मस्तक का त्याग कर ब्रह्मांड की रक्षा की थी। उनकी यह लीला पराक्रम, साहस और आत्मबल का संदेश देती है।

नवमी पर होगा हवन और प्रसादी वितरण
मंदिर समिति के जित्तू साहू और गुलशन बतरा ने बताया कि नवरात्रि में प्रतिदिन विशेष पूजा-अर्चना और अनुष्ठान होंगे। नवमी के दिन भव्य हवन एवं प्रसाद वितरण का आयोजन किया जाएगा। मंदिर निर्माण में स्थानीय श्रद्धालुओं का विशेष योगदान रहा है। धार्मिक, सामाजिक और सांस्कृतिक संगठनों ने मिलकर इस अनूठे शक्ति मंदिर को साकार रूप दिया है।
- यह भी पढ़ें : Bank Holiday Schedule 2025: इस हफ्ते बैंक में तो नहीं कोई काम, देख लें कहीं छुट्टी तो नहीं, 5 तक अवकाश की है भरमार
यह हैं मंदिर ट्रस्ट के पदाधिकारी
इस मंदिर के लिए 2018 में ट्रस्ट का पंजीयन कराया गया है जिसमें हेमंत खंडेलवाल विधायक बैतूल को संरक्षक ट्रस्टी बनाया गया है। वहीं ट्रस्ट के अन्य पदाधिकारियों में अध्यक्ष के रूप में नवनीत गर्ग, उपाध्यक्ष राम भार्गव, सचिव निखिल अग्रवाल, कोषाध्यक्ष अम्बेश बलुआपुरी, सहसचिव नारायण मालवी, मंदिर व्यवस्थापक पं. आनंद अग्रवाल, सदस्य ट्रस्टी पं. महेन्द्र पांडे, हेमंत मालवी, हेमराज अन्नू जसूजा, लोकेश पगारिया, पवन अग्रवाल, प्रवीण गर्ग, वीरेन्द्र सिंह चौहान, सुनील गुड्डू शर्मा, सजल गर्ग, कमल सेनानी, जितेन्द्र साहू एवं मनीषा साहू को शामिल किया गया है।
सोशल मीडिया पर बैतूल अपडेट की खबरें पाने के लिए फॉलो करें-
- वाट्सअप चैनल पर खबरें पाने के लिए : यहां क्लिक करें
- फेसबुक ग्रुप पर खबरें पाने के लिए : यहां क्लिक करें
- फेसबुक पेज पर खबरें पाने के लिए : यहां क्लिक करें
- एक्स पर खबरें पाने के लिए: यहां क्लिक करें
देश-दुनिया की ताजा खबरें (Hindi News Madhyapradesh) अब हिंदी में पढ़ें| Trending खबरों के लिए जुड़े रहे betulupdate.com से| आज की ताजा खबरों (Latest Hindi News) के लिए सर्च करें betulupdate.com



