56 साल का आरोपी देख रहा था स्नान कर रही महिला को, देता था भद्दे प्रस्ताव, अब न्यायालय ने दी उसे यह सजा

बैतूल। न्यायालय न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी (सुश्री पूर्वी तिवारी) बैतूल ने एक 29 वर्षीय महिला को स्नान करते हुए देखने एवं महिला को भद्दे-भद्दे प्रस्ताव देने वाले 56 वर्षीय आरोपी को कारावास और अर्थदंड की सजा से दंडित किया है।
आरोपी को धारा 354-सी IPC के अपराध का दोषी पाते हुए 1 वर्ष के कठोर कारावास एवं 1000 रुपये के अर्थदण्ड तथा धारा 354-ए IPC के अपराध का दोषी पाते हुए 1 वर्ष के कठोर कारावास एवं 1000 रुपये के अर्थदण्ड से दण्डित किया है। प्रकरण में शासन की ओर से सहायक जिला अभियोजन अधिकारी सौरभ सिंह ठाकुर के द्वारा पैरवी की गई।
जिला लोक अभियोजन अधिकारी कार्यालय के मीडिया सेल प्रभारी अमित कुमार राय ने बताया कि 25 जून 2014 को पीड़िता ने थाना बैतूल में लिखित आवेदन प्रस्तुत किया कि उसके पड़ोस में रहने वाला आरोपी नामदेव उबनारे (56) निवासी थाना बैतूल गंज उसे अश्लील शब्द बोलता है और गंदे-गंदे इशारे कर भद्दे प्रस्ताव देता है।
आज दिनांक को जब सुबह 8 बजे वह नल आने पर नहा रही थी। तब आरोपी उसे देख रहा था। पीड़िता ने आरोपी को बोला कि क्या देख रहा है, मैं तेरी रिपोर्ट करूंगी। तब आरोपी ने पीड़िता से कहा कि जो बनता है कर ले। इसके बाद पीड़िता ने अपने परिजनों एवं अन्य पड़ोसियों को जानकारी दी जिसके बाद पीड़िता ने पुलिस थाने में जाकर आरोपी के विरूद्ध रिपोर्ट दर्ज कराई।
फरियादी के लिखित आवेदन पर थाना बैतूल द्वारा अपराध पंजीबद्ध कर प्रथम सूचना रिपोर्ट लेख की एवं आवश्यक अनुसंधान उपरांत अभियोग पत्र न्यायालय के समक्ष विचारण हेतु प्रस्तुत किया। विचारण में अभियोजन ने अपना मामला संदेह से परे प्रमाणित किया। जिसके आधार पर न्यायालय द्वारा आरोपी को दण्डित किया गया।
न्यायालय में आरोपी स्वयं बचाव साक्षी के रूप में प्रस्तुत हुआ और यह कहा कि उसने कोई अपराध नहीं किया है। शासन की ओर से पैरवीकर्ता अधिकारी ने आरोपी का प्रतिपरिक्षण कर उससे सूक्ष्मता से प्रश्न पूछे थे।
अभियोजन के तर्कों से सहमत होते हुए न्यायालय ने आरोपी द्वारा लिये गये बचावों को सही नही माना और आरोपी को दंडित किया। प्रकरण की पैरवी में जिला अभियोजन कार्यालय बैतूल में पदस्थ कविता डेहरिया सहायक ग्रेड-3 एवं कोर्ट मोहर्रिर सुरेश आथनकर के द्वारा आवश्यक सहयोग प्रदान किया गया।



