cement aur Saria ka bhav : सीमेंट और सरिया के दाम में भारी गिरावट, बेहद कम लागत में मकान निर्माण का यह सुनहरा मौका, जल्द करें शुरुआत

cement aur Saria ka bhav: There is a huge fall in the price of cement and bars, this golden opportunity to build a house at very low cost, start soon

cement aur Saria ka bhav

cement aur Saria ka bhav : नई दिल्ली। एक अदद ‘अपना घर’ (own home) बनाना हर किसी का सपना होता है। अब सरकार से पीएम आवास योजना (PM Awas Yojana) से मिलने वाली सहायता से यह आसान भी हुआ है। लेकिन, भवन निर्माण की मुख्य सामग्री जैसे सीमेंट (cement), सरिया (Saria) के आसमान छूते भाव के कारण सहायता के बावजूद यह सपना पूरा करने में कई मुश्किलों का सामना करना पड़ता है। वहीं अन्य लोग भी बिल्डिंग मटेरियल (building material) के महंगे भाव के चलते अपने कदम पीछे खींचने को मजबूर हो जाते हैं।

यदि आप भी इन्हीं कारणों से अभी तक अपना आशियाना नहीं बना पाए हैं तो यह समय आपके लिए बेस्ट है। दरअसल, मकान बनाने वाली सामग्रियों की कीमतें कम (low cost of building materials) हुई हैं। कुछ समय पहले तक रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंचे सीमेंट (cement) और सरिया (Saria) की कीमतों में गिरावट आई है। सरकार के द्वारा उठाए गए कदम और मानसून की वजह से मांग में कमी की वजह से यह गिरावट आने की बात कही जा रही है।

‘न्यूज 18 हिंदी’ द्वारा ‘टीवी9’ की एक खबर का हवाला देते हुए प्रकाशित किए गए समाचार के मुताबिक टीएमटी सरिया (TMT Saria) का खुदरा भाव 65 हजार रुपये प्रति टन के करीब आ गया है। यह अप्रैल में 75 हजार रुपये प्रति टन के करीब था। सरिया (Saria) की खुदरा कीमत 60 रुपये प्रति टन से नीचे आ चुकी है जो कि अप्रैल में 80 हजार का लेवल पार कर गया था। इस दौरान ब्रांडेड सरिया (Saria) का भाव एक लाख रुपये प्रति टन से घट कर 85 हजार रुपये प्रति टन से नीचे पहुंच गया।

50 किलो सीमेंट की बोरी की कीमत 400 रुपये से नीचे आई

वहीं, सीमेंट (cement) के भाव में भी गिरावट देखने को मिली है। अप्रैल के महीने में 50 किलो सीमेंट (cement) की बोरी 450 रुपये के पार पहुंच गई थी। अब इसकी कीमत 400 रुपये से नीचे आ गई है। ईंट की कीमतों में भी इस दौरान गिरावट देखने को मिली है। मकान बनाने वाली सामग्रियों जैसे टाइल्स, रेत और डस्ट (Tiles, sand and dust) सभी की कीमतों में कमी देखने को मिली है।

कीमतों में गिरावट की यह वजह

मानसून के दौरान मांग में कमी रहती है जिसका मकान बनाने वाली सामग्रियों (building materials) की कीमतों पर असर दिखता है। इसके अलावा सरकार के कुछ कदमों की वजह से इनकी कीमतों में कमी आई है। हाल ही में स्टील पर एक्सपोर्ट ड्यूटी (export duty on steel) बढ़ाने के बाद सप्लाई बढ़ने से स्टील की कीमतों में कमी देखने को मिली थी।