Dam se risav : बाकुड़ डैम की दीवारों से सीपेज, खतरे से आशंकित ग्रामीण, जल संसाधन विभाग के अफसर पहुंचे

Seepage from the walls of Bakur Dam, villagers apprehensive of danger, officials of Water Resources Department arrived

▪️ निखिल सोनी, आठनेर
भारी बारिश से जिले की जल संरचनाओं पर भी असर पड़ने लगा है। बैतूल जिले के आठनेर ब्लॉक में स्थित जल संसाधन विभाग के डैम की दीवारों से भी सीपेज होने की खबर मिली है। इस सूचना पर विभाग के मुलताई संभाग के कार्यपालन यंत्री विपिन वामनकर और सब इंजीनियर शिवकुमार नागले मौके पर पहुंचे हैं।

प्राप्त जानकारी के अनुसार बाकुड़ डैम ओवरफ्लो हो चुका है। इससे किसानों में खुशी थी। लेकिन, यह जानकारी मिलने पर अब वे थोड़ा डरे हुए हैं कि डैम की दीवारों से सीपेज हो रहा है। ग्राम उमरी निवासी रमेश पंद्राम ने बताया कि डैम की दीवारों से लगातार पानी सीपेज हो रहा है। यह सीपेज काफी अधिक है। यही कारण है कि ग्रामीणों में खासी दहशत है।

उल्लेखनीय है कि आठनेर नगर को पानी की सप्लाई इसी डैम से सप्लाई होता है। यदि डैम को कोई नुकसान पहुंचता है तो उमरी गांव इसकी चपेट में आ सकता है। इसी तरह आठनेर नगर को पानी की सप्लाई में भी दिक्कत होगी। यही कारण है कि ग्रामीणों ने विभाग के अधिकारियों को डैम में सीपेज होने की जानकारी दी। यह सूचना मिलते ही विभाग के कार्यपालन यंत्री श्री वामनकर और सब इंजीनियर श्री नागले मौके पर पहुंचे हैं। उन्होंने डैम का मुआयना किया है।

बैतूल अपडेट से चर्चा में हालांकि सब इंजीनियर श्री नागले ने डैम को किसी भी तरह के खतरे से इंकार किया। उन्होंने बताया कि मछुआरे के जाल फंसे होने के कारण पानी की निकासी में कुछ दिक्कत होने से यह समस्या हो रही है। मछुआरों को बुलवाया गया है। जल्द ही समस्या का निदान हो जाएगा। हालांकि खतरे जैसी कोई बात नहीं है।