बरखेड़ा में बगैर मोटर के ही पानी उगल रहा बोर, छूट रहा फव्वारा, लोग बोले- आ गई गंगा मैया
बैतूल जिले के चिचोली ब्लॉक के जल संकट से जूझ रहे एक गांव की किस्मत ही एक बोर ने पलट दी है। यह गांव है झिरियाडोह पंचायत का ग्राम बरखेड़ा। यहां नल जल योजना के लिए करवाए गए बोर में बगैर मोटर के इतना पानी निकल रहा है कि उसने फव्वारे का रूप ले लिया। यह देख ग्रामीण कह रहे हैं कि हमारे गांव में तो साक्षात गंगा मैया ही आ गई।
चिचोली से करीब 50 किलोमीटर दूर स्थित 550 की आबादी वाले इस गांव में दो ढाने हैं। यह गांव ही नहीं बल्कि पूरा क्षेत्र ही जल संकट से जूझता रहता है। इससे राहत दिलवाने बरखेड़ा में शासन ने नल जल योजना स्वीकृत की है। इसी योजना के तहत यहां हाल ही में बोर खनन किया गया है। इसमें 5 इंच के करीब पानी लगा है।

बोर खनन के बाद इसे बंद करके बोरिंग मशीन वाले तो चले गए। कुछ समय बाद ग्रामीणों ने देखा तो बोर में से पानी की धार निकल रही थी। ग्रामीणों ने इसे खोल कर देखा तो बिल्कुल फव्वारा जैसे छूट पड़ा। यह देख ग्रामीणों के आश्चर्य का ठिकाना नहीं रहा। पहले जहां बूंद-बूंद पानी के लिए लोग तरस रहे थे। वहीं अब बिना मोटर के ही बोर पानी उगल रहा है।
ग्राम के हरि महाराज यादव, प्रधान रामदयाल बारस्कर और संतोष यादव बताते हैं कि ग्रामीणों ने इसे बन्द करने का भी प्रयास किया पर यह पूरी तरह से बंद नहीं हो पाया। इस पर उन्होंने नाली बनाकर ऐसी व्यवस्था कर दी है कि बोर से निकलने वाला पानी खेतों में पहुंचता रहे। साथ ही कुछ गड्ढे कर दिए हैं ताकि ग्रामीण जरूरत के अनुसार यहां से फिलहाल पानी भर सके।



